Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Test link

राजमोहन की स्त्री (बंकिम चंद्र)




बंकिमचंद्र चटर्जी की पहचान बांग्ला कवि, उपन्यासकार, लेखक और पत्रकार के रूप में है। उनकी प्रथम प्रकाशित रचना राजमोहन्स वाइफ थी। इसकी रचना अंग्रेजी में की गई थी। 

उनकी पहली प्रकाशित बांग्ला कृति 'दुर्गेशनंदिनी' मार्च १८६५ में छपी थी। यह एक रूमानी रचना है। उनकी अगली रचना का नाम कपालकुंडला (1866) है। इसे उनकी सबसे अधिक रूमानी रचनाओं में से एक माना जाता है। उन्होंने 1872 में मासिक पत्रिका बंगदर्शन का भी प्रकाशन किया। अपनी इस पत्रिका में उन्होंने विषवृक्ष (1873) उपन्यास का क्रमिक रूप से प्रकाशन किया। कृष्णकांतेर विल में चटर्जी ने अंग्रेजी शासकों पर तीखा व्यंग्य किया है।

'राजमोहन की स्त्री' बंकिम चंद्र का लिखा हुआ पहला उपन्यास था।
हालाँकि इसे बाद में छापा गया।



डाउनलोड लिंक :
(निम्न में से कोई भी एक क्लिक करें . अगर कोई लिंक काम नहीं कर रहा है तो अन्य लिंक प्रयोग करके देखेंडाउनलोड करने में कोई परेशानी हो या डाउनलोड करना नहीं आता तो कृपया यहाँ क्लिक करें)


SendMyWay:
Click here

DepositFiles:
Click Here


BayFiles:
Click Here

Rapidshare:
Click Here

Ziddu:
Click Here
Multi-Mirror Download Link:
Click Here


(डाउनलोड करने में कोई परेशानी हो तो कृपया यहाँ क्लिक करें)
ये पुस्तक आपको कैसी लगी? कृपया अपनी टिप्पणियां अवश्य दें।


अगर आपको ये पुस्तक पसंद आई हो तो इसे नीचे दिए गए लिंक से फेसबुक  पर लाइक  करें!Skip Ad and Download Your file..

Post a Comment